गूगल की मनमानी नहीं चलेगी , भारत सरकार तय करने जा रही है जिम्मेदारी

दुनिया की सबसे बड़ी टेक कंपनियों में शामिल Google की मुश्किलें बढ़ती जा रही हैं, क्योंकि दुनिया के अलग-अलग हिस्सों में एजेंसियां इसपर लगाम लगा रही हैं और इसका एकाधिकार (मोनोपॉली) खत्म करना चाहती हैं। भारत सरकार भी इस दिशा में कदम बढ़ा रही है और गूगल से साइबर स्पेस पर नियंत्रण वापस लेना चाहती है।
मीडिया चैनल्स को कमाई का हिस्सा दे गूगल
भारत सरकार की एंटीट्रस्ट वॉचडॉग कॉम्पिटीशन कमेटी ऑफ इंडिया (CCI) भी गूगल के खिलाफ दायर की गई याचिका की जांच कर रही है। यह याचिका DNPA (डिजिटल न्यूज पब्लिशर्स एसोसिएशन) की ओर से दर्ज की गई और कहा गया है कि गूगल अपनी कमाई का हिस्सा न्यूज पब्लिशर्स और मीडिया चैनल्स के साथ भी शेयर करे।
गूगल से कमाई और लाभ में पारदर्शिता लाने की मांग
देश के बड़े मीडिया संगठनों ने DNPA से जुड़कर मांग की है कि गूगल और दूसरी टेक कंपनियां स्थानीय समाचार उपलब्ध करवाने वाले पब्लिशर्स के साथ अपनी कमाई और लाभ की जानकारी शेयर करें और उन्हें सही हिस्सा दें। बता दें, गूगल और दूसरी कंपनियां कई पब्लिशर्स का कंटेंट और खबरें अपने प्लेटफॉर्म्स पर दिखाती हैं।
कई लॉसूट्स का सामना कर रही है टेक कंपनी
अमेरिका में गूगल कई लॉसूट्स का सामना कर रही है, जहां इसपर प्रतिस्पर्धा को प्रभावित करने के आरोप लगे हैं। सामने आया है कि गूगल अपने सर्च इंजन का इस्तेमाल बढ़ाने के लिए ऐपल और दूसरी टेलिकॉम कंपनियों को भुगतान कर रही थी।
वहीं, साउथ कोरिया में अल्फाबेट और मेटा दोनों पर कुल 7.1 करोड़ डॉलर का जुर्माना प्राइवेसी को नुकसान पहुंचाने के चलते लगा है। आरोप लगे हैं कि मेटा और गूगल जैसी कंपनियां अपनी प्रतिस्पर्धा खत्म करने के लिए गलत तरीके अपना रही हैं।



