रेलवे विस्तारीकरण को लेकर जनता कांग्रेस एवं मुक्ति मोर्चा ने डीआरएम को सौपा का ज्ञापन

बार-बार मांगों के बाद भी बस्तर की आवाज सुनी नहीं जा रही इसलिए हमें संघर्ष करना होगा- नवनीत चांद
जगदलपुर। जनता कांग्रेस के संभागीय अध्यक्ष एवं बस्तर विकार मुक्ति मोर्चा प्रमुख संयोजक श्री नवनीत चांद के नेतृत्व में बस्तर में रेल सुविधाओं के विस्तारीकरण एवं रोजगार के अवसर को बढ़ाने जैसे मुद्दों को लेकर पार्टी व मोर्चा के पदाधिकारी एवं कार्यकर्ताओं ने रेलवे जोन के डीआरएम से मुलाकात की और उन्हें ज्ञापन सोपा गया। इस अवसर पर श्री नवनीत ने अपने मांगों के संदर्भ में एवं बस्तर में रेलवे विस्तारीकरण के मुद्दे को लेकर अपनी बातों को सामने रखी एवं उनके द्वाराआवश्यक कार्यवाही की मांग की गई ।
ज्ञापन के संदर्भ में पार्टी के संभागीय अध्यक्ष एवं मोर्चा प्रमुख श्री नवनीत ने जानकारी देते हुए बताया कि वित्त वर्ष 2024,25 में किरंदुल विशाखापट्टनम रेलवे ट्रैक पर पूर्वी तट रेलवे के वाल्टेयर डिविजन ने लोहा आस्क माल ढुलाई का एक नया रिकार्ड स्थापित किया है वित्त वर्ष 2024,25 के दौरान पूर्वी तट रेलवे जिसके अधिकार क्षेत्र में यह ट्रैक आता है भारत का पहला रेलवे जोन बन गया है, उन्होंने आगे बताया कि जिसने 259.25 मिलियन टन से अधिक की रिकॉर्ड माल ढुलाई हासिल की है यह बस्तर के लिए गौरवान्वित बात है परंतु बस्तर की रेलवे सुविधाओं एवं यात्री ट्रेन मे कमी और समय समय पर संचालित ट्रेनों का बाधित होना विशाखापट्टनम रेलवे जोन का बस्तर के रेलवे यात्री सुविधाओं में वृद्धि के प्रति निष्क्रियता को दर्शाता है ।
बस्तर बेटा के नाम से जाने पहचाने जाने वाले श्री चांद ने कहा कि बस्तर के लोगों के साथ उनके सुविधाओं के अधिकारों के प्रति पक्षपात रवैया है।
बस्तर मे रेलवे यात्री सुविधा विस्तारीकरण कि मांगो को ले कर समय समय पर विभिन्न राजनीतिक दाल विभिन्न सामाजिक संगठनों जन प्रतिनिधियों एवं रेलवे जोन सलाहकार सदस्यों के समिति दौरा यात्री सेवा वृद्धि के विभिन्न मांगे को उठाया गया है परंतु आज पर्यन्त तक इन मांगो पर सकारात्मक पहल नहीं किया गया है जिससे बस्तर वासियों में रोष व्याप्त है ।
बस्तर अधिकार मुक्ति मोर्चा एवं जनता कांग्रेस छत्तीसगढ़ जे ने अपनी मांगों के माध्यम से निम्नलिखित मांगों को सामने रखा है:-
1. बस्तर के रेलवे विकास के रूप में मिल का पत्थर साबित होने वाली रावघाट रेलवे परियोजना का बजट 3513.11 करोड़ कि लगत से जगदलपुर से रावघाट 140km स्वीकृति रेल लाईन का द्वितीय फेस करिए तत्काल प्रभाव से प्रारंभ किए जाने कि मांग।
2. किरंदुल-विशाखापट्टनम एक्सप्रेस/पैसेंजर: इन ट्रेनों की फेरों की संख्या बढ़ाने या उन्हें और अधिक सुविधाएँ देने की मांग.
3. हिराखंड एक्सप्रेस (जगदलपुर-भुवनेश्वर): इस रूट पर भी यात्रियों की संख्या को देखते हुए फेरे बढ़ाने या इसे और बेहतर बनाने की मांग.
4. विस्टा डोम ट्रेन: बस्तर के प्राकृतिक सौंदर्य को देखते हुए किरंदुल से विशाखापट्टनम के लिए विस्टा डोम कोच वाली ट्रेन चलाने की मांग, जो पर्यटकों को आकर्षित करे.
5. नई लाइनें: बस्तर को अन्य राज्यों से जोड़ने और जनजातीय क्षेत्रों को कनेक्टिविटी देने के लिए कोठागुडेम-किरंदुल और अन्य नई रेल लाइनों के निर्माण की भी मांग है, जिससे भविष्य में नई ट्रेनों के संचालन का रास्ता खुलेगा.
6. कोरापुट जंक्शन तक आरही सभी यात्री ट्रेनों को जगदलपुर स्टेशन विस्तारीकरण की जाने कि मांग
7. बस्तर के रेलवे स्टेशन मे लोह अयस्क रैक प्वाइंट पर रेलवे वे ब्रिज निर्माण एवं लोडिंग अनलोडिंग प्रक्रिया मे बढ़ती जा रही अनियमिता कि जांच व केंद्रीय पर्यावरण अधिनियम एवं केंद्रीय श्रमिक अधिनियम की सुरक्षा शर्त उपकरण सुविधाओं का पालन शत प्रतिशत करवाए जानी की मांग
8. विशाखापट्टनम रेलवे डिविजन के माध्यम से होने वाले सभी निविदाओं की जानकारी जगदलपुर मुख्यालय के स्टेशन के माध्यम से सार्वजनिक करने एवं उसमें भागीदारी करने हेतू बस्तर में विशेष अधिकारी की नियुक्ति किए जाने व रोजगार एवं स्वरोजगार के अवसर पर बस्तर के बेरोजगारों को प्राथमिकता दिए जाने की मांग
9. जगदलपुर रेलवे स्टेशनों के अंतर्गत आने वाले सभी गेस्ट हाउस को सर्व सुविधा युक्त बनाए जाने की मांग
10. बस्तर संभाग के अंतर्गत आने वाले सभी रेलवे स्टेशनों को सर्वसुविधा युक्ति बनाए जाने कि मांग
इस दौरान बस्तर अधिकार मुक्ति मोर्चा एवं जनता कांग्रेस छत्तीसगढ़ जें के पदाधिकारी के रूप में मेहताब सिंह, हिमांशु आनंद, के आकाश जॉन, प्रिया यादव, अलका नादान, गायत्री ठाकुर, नीलांबर भद्रे, धन सिंह बघेल, कमल बघेल, संतु कश्यप आदि पदाधिकारी एवं कार्यकर्ता उपस्थित थे!



