मध्य प्रदेश: मामूली RTO कॉन्स्टेबल सौरभ शर्मा के ठिकानों पर छापा, 700 करोड़ से अधिक की अवैध संपत्ति का खुलासा!

-मेघा तिवारी / मध्य प्रदेश में यातायात पुलिस विभाग में कार्यरत एक मामूली RTO कॉन्स्टेबल सौरभ शर्मा अचानक सुर्खियों में आ गए हैं। कारण है—उनके ठिकानों पर हुई बड़ी कार्रवाई, जिसमें जांच एजेंसियों ने करोड़ों नहीं, बल्कि सैकड़ों करोड़ रुपए की अवैध संपत्ति का खुलासा किया। सिर्फ सात वर्षों के कार्यकाल में उन्होंने “कड़ी मेहनत और समर्पण” के दम पर जो संपत्ति एकत्र की, उसने जांच अधिकारियों तक को चौंका दिया।
छापेमारी के दौरान जो आंकड़े सामने आए, वे किसी बड़े कारोबारी या उद्योगपति से भी मेल नहीं खाते। अधिकारियों के अनुसार सौरभ शर्मा के पास 52 किलो सोना बरामद हुआ, जिसे वे सामान्य उपयोग की वस्तु बताते थे। इसके साथ ही 234 किलो चांदी मिली, जिसका मूल्य करोड़ों में आंका जा रहा है।
जांच में खुलासा हुआ कि उनके पास दुबई में 150 करोड़ रुपए की एक आलीशान कोठी भी है, जिसे वे कथित तौर पर अवकाश के दौरान रहने के लिए इस्तेमाल करते थे। इतना ही नहीं, उनके नाम एक “छोटा-सा” मछली फार्म और राज्य के अलग-अलग क्षेत्रों में सैकड़ों एकड़ जमीन भी दर्ज है। इसके अलावा लगभग 500 करोड़ रुपए की अन्य संपत्ति, बैंक खाते, निवेश और कीमती भूखंड भी मिले हैं।
एक साधारण RTO कॉन्स्टेबल के तौर पर नियुक्त सौरभ शर्मा के पास इतनी बड़ी संपत्ति कैसे जुटी, यह बड़ा सवाल बन गया है। मामला सामने आने के बाद विभागीय और आर्थिक अनियमितताओं को लेकर कई गंभीर चर्चाएँ शुरू हो गई हैं।
जांच एजेंसियां अब उनकी आय के स्रोत, लेन-देन और संभावित नेटवर्क खंगालने में जुटी हैं। इस घटना ने एक बार फिर सरकारी तंत्र में भ्रष्टाचार और पारदर्शिता को लेकर गहरे सवाल खड़े कर दिए हैं।



