भाजपा का आरोप आपातकाल की स्थिति से गुजर रहा प्रदेश, कांग्रेस ने कहा- बीजेपी ने की माहौल खराब करने की कोशिश, कानून कर रहा अपना काम…

रायपुर. छत्तीसगढ़ के बेमेतरा के बिरनपुर गांव में हुई घटना को लेकर कल बंद के दौरान कई जगहों पर हिंसा की खबर सामने आई. बिरनपुर घटना को लेकर प्रदेश भर में सियासत गरमाई हुई है. भाजपा ने सरकार और कांग्रेस पर गंभीर आरोप लगाते हुए कहा कि छत्तीसगढ़ आपातकाल की स्थिति से गुजर रहा है. साथ ही तुष्टिकरण की राजनीति का आरोप भी लगाया है. कांग्रेस ने भाजपा पर पलटवार करते हुए कहा कि तुष्टिकरण का आरोप लगाना हास्यास्पद. बीजेपी प्रदेश के माहौल को अशांत करना चाहती है.
सोमवार को छत्तीसगढ़ बंद में बीजेपी के प्रदर्शन पर हुई एफआईआर को लेकर बीजेपी नेता केदार गुप्ता ने बयान दिया है. उन्होंने कहा कि छत्तीसगढ़ आपातकाल की स्थिति से गुजर रहा है. कोई लव जिहाद रोकने की कोशिश करे तो उस पर रासुका लगाने की बात कही जाती है. एक तरफ बीजेपी के प्रदर्शन पर एफआईआर दर्ज हो रही है. दूसरी तरफ बिरनपुर की घटना, वहां पूरा प्रशासन है ये कहीं न कहीं मॉब लिचिंग है. बीजेपी का किसी धर्म को लेकर विरोध नहीं, असामाजिक व्यक्ति को सामने लाने की जरूरत है.
बिरनपुर की घटना पर कांग्रेस के बीजेपी पर माहौल खराब करने के आरोप पर केदार गुप्ता ने कहा, अगर उनको ये लग रहा तो यह सच है. हम सुकमा और नारायणपुर में भी वही कर रहे थे. यदि हम आवाज उठाकर गलती कर रहे तो ऐसी गलती हजारों बार करेंगे. बीजेपी मुखर होकर लोगों के साथ खड़ी रहेगी. आग में घी डालने का काम बीजेपी नहीं बल्कि कांग्रेस कर रही है. कांग्रेस तुष्टिकरण की राजनीति न करें.
बीजेपी के तुष्टिकरण की राजनीति आरोप पर कांग्रेस संचार विभाग अध्यक्ष सुशील आनंद शुक्ला का बयान दिया है. उन्होंने कहा कि कांग्रेस तुष्टिकरण नहीं करती. भाजपा मतों का ध्रुवीकरण कर रही. प्रदेश में हिंदुओ की आबादी 98 प्रतिशत है, 2 प्रतिशत की आबादी अल्पसंख्यकों की है. ऐसे में तुष्टिकरण का आरोप लगाना हास्यास्पद है.
बीजेपी नेताओं पर हुए एफआईआर को लेकर सुशील आनंद ने कहा कि बीजेपी प्रदेश के माहौल को अशांत करना चाहती है. उनके पास कोई मुद्दे नहीं बचे हैं. छत्तीसगढ़ बंद के दौरान उन्होंने काफी अत्याचार किया. वो अपने आप को इनोसेंट बोलते हैं, यह हास्यास्पद और शर्मनाक है. बीजेपी ने प्रदेश का माहौल खराब करने की कोशिश की. कानून अपना काम करेगा.



