महापौर संजय पांडे बोले—हरियाली के बिना अधूरा है शहर का विकास

जगदलपुर।महापौर संजय पांडे ने कहा कि जगदलपुर के विकास का विजन केवल सड़क, नाली, भवन और अन्य अधोसंरचना तैयार करने तक सीमित नहीं है। हम ऐसा जगदलपुर बनाना चाहते हैं, जहां विकास के साथ हरियाली, स्वच्छता, सुंदरता और बेहतर पर्यावरण भी शहर की पहचान बने। इसी सोच के साथ नगर निगम द्वारा शहर के प्रमुख मार्गों, डिवाइडरों, उद्यानों और सार्वजनिक स्थलों के सौंदर्यीकरण एवं हरित विकास पर विशेष ध्यान दिया जा रहा है।
उन्होंने कहा कि इंद्रावती से गोरिया बहार तक लगाए गए 2700 से अधिक पौधे आने वाले वर्षों में राष्ट्रीय राजमार्ग को हरित कॉरिडोर का स्वरूप देंगे। आज लगाए गए पौधे भविष्य में छायादार और सुंदर मार्ग का निर्माण करेंगे। इससे न केवल शहर का वातावरण बेहतर होगा, बल्कि जगदलपुर में प्रवेश करने वाले लोगों को बस्तर की प्राकृतिक पहचान का अहसास भी होगा।
महापौर ने कहा कि नक्सलमुक्त बस्तर में पर्यटन के नए द्वार खुले हैं। चित्रकोट, तीरथगढ़, कुटुमसर, बस्तर दशहरा और यहां की आदिवासी संस्कृति देखने देश-दुनिया से लोग पहुंच रहे हैं। ऐसे में जगदलपुर को बस्तर के प्रवेश द्वार के रूप में ऐसा स्वरूप देना जरूरी है, जो पर्यटकों को पहली नजर में आकर्षित करे। उन्होंने कहा कि शहर की हरियाली, स्वच्छता और सौंदर्यीकरण को पर्यटन विकास से जोड़कर नगर निगम आगे बढ़ रहा है।
संजय पांडे ने कहा कि हरियाली केवल पर्यावरण संरक्षण का विषय नहीं, बल्कि आने वाली पीढ़ियों के लिए स्वस्थ और बेहतर शहर तैयार करने का संकल्प है। पौधरोपण के साथ नगर निगम इन पौधों के संरक्षण और संवर्धन पर भी ध्यान देगा, ताकि लगाए गए पौधे सुरक्षित रहें और आने वाले वर्षों में विशाल वृक्षों का रूप ले सकें।
उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय के नेतृत्व में प्रदेश सरकार बस्तर के विकास को प्राथमिकता दे रही है। उपमुख्यमंत्री अरुण साव लगातार जगदलपुर के विकास कार्यों को गति देने में सहयोग कर रहे हैं। वन मंत्री केदार कश्यप के मार्गदर्शन से पर्यावरण और हरित विकास को बढ़ावा मिल रहा है, वहीं स्वास्थ्य मंत्री श्याम बिहारी जायसवाल के नेतृत्व में संभाग की स्वास्थ्य सुविधाओं को मजबूत किया जा रहा है।
महापौर ने कहा कि जगदलपुर के विकास के लिए प्रदेश सरकार से मिल रहे सहयोग और मार्गदर्शन के लिए वे मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय, उपमुख्यमंत्री अरुण साव, वन मंत्री केदार कश्यप और स्वास्थ्य मंत्री श्याम बिहारी जायसवाल के प्रति विशेष आभार व्यक्त करते हैं।
इससे पहले मुख्य वन संरक्षक सुश्री स्टाइलो मंडावी ने जगदलपुर वन वृत्त की भविष्यगामी हरित योजनाओं का विस्तृत खाका प्रस्तुत किया। उन्होंने बताया कि राष्ट्रीय राजमार्ग के लगभग 3 हजार रनिंग मीटर के मीडियन सड़क के बीच में भौगोलिक अनुकूलता के अनुसार टेकोमा, बोगनवेलिया और कनेर (नेरियम) जैसी विशिष्ट प्रजातियों के पौधे रोपे जा रहे हैं, जो शहर के प्रवेश द्वार को दर्शनीय बनाने के साथ-साथ सड़क सुरक्षा के लिए एक प्रभावी ग्रीन बेल्ट का काम करेंगे। उन्होंने बताया कि सिटी फॉरेस्ट योजना के तहत कचनार, मौलश्री और तबुबिया रोसिया जैसे पेड़ पहले ही लगाए जा चुके हैं, वहीं किसान वृक्ष मित्र योजना और शासकीय वन भूमि को मिलाकर अब तक लगभग 38,000 पौधों का सफल रोपण किया जा चुका है।



