‘लोग हमें 80 साल का समझने लगे हैं’, आखिर दिग्गज भारतीय ओपनर के मन में क्यों उठी ये कसक?

नई दिल्ली. दिग्गज भारतीय ओपनर मुरली विजय लंबे समय से अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट से दूर हैं। उन्होंने आखिरी अंतरराष्ट्रीय मैच दिसंबर 2018 में ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ खेला था, जोकि टेस्ट था। वहीं, तमिलनाडु के रहने वाले विजय ने अंतिम घरेलू मैच सितंबर 2020 में खेला। वह पिछले साल से प्रतिस्पर्धी क्रिकेट का हिस्सा नहीं हैं। उन्होंने आखिरी प्रतिस्पर्धी मैच तमिलनाडु प्रीमियर लीग (टीएनपीएल) में खेला था।
विजय भारत के लिए 61 टेस्ट, 17 वनडे और 9 टी20 अंतरराष्ट्रीय मैचों में मैदान पर उतरे हैं। 38 वर्षीय विजय फिर से क्रिकेट में वापसी करना चाहते हैं लेकिन वह भारत में नहीं बल्कि विदेश में अवसर की तलाश में हैं। उन्होंने चुटीले अंदाज में कहा कि उनका भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड (बीसीसीआई) के साथ समय पूरा हो चुका है।
विजय ने स्पोर्टस्टार पर एक शो के दौरान कहा, ”मेरा बीसीसीआई (मुस्कुराते हुए) के साथ समय लगभग पूरा हो चुका है और मैं विदेश में अवसरों की तलाश कर रहा हूं। मैं थोड़ा प्रतिस्पर्धी क्रिकेट खेलना चाहता हूं।” बता दें कि दाएं हाथ के बल्लेबाज ने इंग्लैंड में एसेक्स के लिए काउंटी क्रिकेट खेला है।
उन्होंने कहा, ”भारत में 30 साल के बाद खेलना एक टैबू (मुस्कुराते हुए) है। मुझे लगता है कि लोग हमें सड़क पर चलता हुआ 80 साल का बुजुर्ग समझने लगे हैं। मीडिया को भी इसे अलग तरीके से देखना चाहिए। मुझे लगता है कि आप 30 में करियर की पीक पर होते हैं। अभी यहां बैठकर मुझे लगता है कि मैं सर्वश्रेष्ठ बल्लेबाजी कर सकता हूं,। लेकिन दुर्भाग्य से मौके कम थे और मुझे बाहर मौके तलाशने पड़े।”
सलामी बल्लेबाज ने आगे कहा, “मैं ईमानदारी से बताऊं तो एक शख्स के रूप में मुझे महसूस होता कि आप केवल वही कर सकते हैं जो आपके हाथ में है। आप उन चीजों को नियंत्रित नहीं कर सकते जो बेकाबू हैं। जो हुआ सो हुआ।” गौरतलब है कि विजय ने अपने अंतरराष्ट्रीय करियर में 4490 रन बनाए हैं। उन्होंने 12 इंटरनेशनल सेंचुरी और 15 फिफ्टी जमाई हैं।



