पेट्रोल-डीजल पर टैक्स कलेक्शन में 6 सालों में हुआ 300 फीसदी का इजाफा,असम की गृहिणियां रसोई गैस छोड़ जलाने लगीं लकड़ी

महंगे पेट्रोल-डीजल से आम आदमी त्रस्त है, लेकिन केंद्र सरकार का कर संग्रह पिछले छह साल में 300 प्रतिशत से अधिक बढ़ गया है। सरकार ने सोमवार को लोकसभा में यह जानकारी दी। उधर चुनावी राज्य असम के जोरहाट जिले से खबर है कि रसोई गैस महंगी होने से वहां की महिला श्रमिकों ने लकड़ी जलाना शुरू कर दिया है। उन्होंने राजनीतिक दलों से मजदूरी बढ़ाने की मांग की है, ताकि वे महंगी रसोई गैस खरीद सकें।
केंद्र को 10 माह में 2.94 लाख करोड़ मिले
वित्त राज्य मंत्री अनुराग ठाकुर ने लोकसभा में एक प्रश्न के लिखित उत्तर में बताया कि केंद्र सरकार ने मोदी सरकार के आने के पहले साल में 2014-15 के दौरान पेट्रोल पर उत्पाद शुल्क से 29,279 करोड़ रुपये और डीजल पर उत्पाद शुल्क से 42,881 करोड़ रुपये अर्जित किए थे। मौजूदा वित्त वर्ष 2020-21 के पहले 10 महीने के दौरान पेट्रोल और डीजल पर कर संग्रह बढ़कर 2.94 लाख करोड़ रुपये हो गया।
केंद्र की मोदी सरकार ने साल 2014-15 में एक्साइज ड्यूटी के जरिए पेट्रोल पर 29,279 करोड़ रूपये और डीजल पर 42,881 करोड़ की कमाई की थी। वहीं चालू वित्तीय वर्ष (2020-21) के शुरुआती 10 महीनों में पेट्रोल और डीजल पर सरकार ने 2.94 लाख करोड़ रूपये की कमाई की है। नेचुरल गैस पर साल 2014-15 में सरकार ने 74,158 करोड़ रूपये की कमाई की थी, जबकि अप्रैल 2020 से जनवरी 2021 तक सरकार की कमाई 2.95 लाख करोड़ रूपये पहुंच गई। संसद में पूछे गए सवाल का जवाब देते हुए केन्द्रीय वित्त राज्यमंत्री अनुराग ठाकुर ने कहा, ‘साल 2014-15 में पेट्रोल, डीजल और गैस राजस्व कलेक्शन 5.4 प्रतिशत था जो कि चालू वित्तीय वर्ष में यह बढ़कर 12.2 प्रतिशत पहुंच गया।’
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पेट्रोल पर एक्साइज ड्यूटी 2014 में 9.48 रूपये प्रति लीटर से बढ़कर 32.90 रूपये तक पहुंच गया है। जबकि डीजल पर एक्साइज ड्यूटी में 3.56 रूपये से बढ़कर 31.80 रूपये प्रति लीटर पहुंच गया है। संसद में अनुराग ठाकुर ने कहा, ’14 मार्च 2020 को डीजल और पेट्रोल पर सेन्ट्रल एक्साइज ड्यूटी 3 रूपये प्रति लीटर बढ़ाया गया था। 6 मई 2020 को एक बार फिर से एक्साइज ड्यूटी बढ़ाई गई थी। तब पेट्रोल पर 10 रूपये और डीजल 13 रूपये प्रति लीटर बढ़ाया गया था।’ वित्त राज्यमंत्री ने अपने जवाब में कहा, ‘सरकार इन पैसों का उपयोग विकास कार्यों के लिए कर रही है



