जनता कांग्रेश एवं मुक्ति मोर्चा द्वारा डीएमएफ घोटाले को लेकर ईडी को सौपे ज्ञापन , अब ईडी की कार्यवाही शुरू

मुक्ति मोर्चा एवं जनता का अंग्रेज कांग्रेसी नेता नवनीत ने कहा भ्रष्टाचार पर हर कार्यवाही स्वागत योग्य, डीएमएफ से जुड़े हुए घपलेबाज अब बख्शे नहीं जाएंगे – नवनीत चांद
राजधानी रायपुर में मुक्ति मोर्चा के प्रमुख संयोजक एवं जनता का कांग्रेस जिलाध्यक्ष नवनीत चांद एवं प्रदेश अध्यक्ष प्रदीप साहू के नेतृत्व में dmf घोटाले को लेकर सौंपा गया था ज्ञापन
जगदलपुर ।अधिकार मुक्ति मोर्चा के प्रमुख संयोजक एवं जनता कांग्रेस के बस्तर जिला अध्यक्ष श्री नवनीत चांद एवं जनता कांग्रेश के प्रदेश अध्यक्ष प्रदीप साहू के नेतृत्व में रायपुर स्थित ईडी कार्यालय में बस्तर में 50 हजार करोड़ के डीएमएफ घोटाले को लेकर ज्ञापन सौंपा गया था एवं शीघ्र ही घोटालेबाज लोगों पर कठोर कार्यवाही करने की मांग की गई थी जिसे लेकर ई डी अधिकारियों द्वारा कारवाही का आश्वासन दिया गया था ।आगे जानकारी देते हुए श्री नवनीत चांद ने बताया कि अब इस डीएमएफ विषय में ईडी द्वारा 32 जिलों के कलेक्टरों से उचित दस्तावेज तलब किए गए हैं यह हमारे किए गए प्रयासों को एक मिला एक सफलता ही है ।उन्होंने कहा कि बस्तर के दंतेवाड़ा सहित अन्य जगहों पर भी ईडी की नजर होने की खबर है आम जनता के अधिकार का के एक-एक पैसे का हिसाब भी होना चाहिए हमें विश्वास है कि अब बस्तर में डीएमएफ मद के बंदरबांट कर जेब भरने वाले बख्शे नहीं जाएंगे।
जारी विज्ञप्ति में प्रदेश अब घोटाले बाजों का घर बन गया है , डीएमएफ की राशि को लेकर बस्तर के राजनीतिक पार्टीयो के नेताओं सहित अधिकारियों के मिलीभगत से खूब लूटा गया है ? इस विषय में जब हमारे द्वारा रायपुर कार्यालय में ईडी के अधिकारियों से मिलकर ज्ञापन सौंपा गया था तो हमें इस आशय का आश्वासन दिया गया था कि इस विषय में जानकारी जुटाई जा रही है एवं राशि की दुरुपयोग को लेकर कठोर कार्यवाही की जाएगी ।
श्री नवनीत ने कहा है कि अब प्रदेश सहित बस्तर में डीएमएफ राशि क्या घोटाला करने वालों पर ईडी द्वारा कार्रवाई करते हुए 32 जिलों के कलेक्टरों से दस्तावेज मंगाए जाने की खबर है इसमें विशेष यह है कि वर्ष 2016 से अब तक इस राशि को लेकर खर्च का ब्योरा मांगा गया है। यह ई डी विभाग की अपनी कार्यवाही है हमें विश्वास है कि जिस तरह संज्ञान लेकर विभाग द्वारा अधिकारियों द्वारा कार्यवाही शुरू किया गया है या प्रशंसनीय है भ्रष्टाचार के खिलाफ कोई भी कार्यवाही न्याय की दिशा में स्वागत योग्य ही होता है अब बस्तर के भ्रष्ट जो इससे जुड़े हैं वे छोड़े नहीं जाएंगे और उन पर कठोर कार्रवाई होगी यह होना ही चाहिए क्योंकि आदिवासियों के हक और अधिकारों का हनन करते हुए अपनी रोटी सेकने का षड्यंत्र रचने वाले चाहे कोई जनप्रतिनिधि हो यह अधिकारी या कोई विभाग यह कोई कर्मचारी किसी को बख्शा नहीं जाना चाहिए यही बस्तर के साथ न्याय होगा।



